Tuesday, May 22, 2018


 सर्वर – एक कम्प्यूटर जो खुद से जुडे हुए कम्प्यूटरों को सूचना उपल्ब्ध कराता है जैसे वेब सर्वर, मेल सर्वर और लेन सर्वर।जब कोई यूजर सर्वर से कनेक्ट होता है तो एप्लीकेशंस, फाइल, प्रिंटर और अन्य सूचनाएं उसे उपलब्ध हो जाती हैं।सर्वर हार्ड्वेयर रिर्सोसेज का मेजबान होता है। इन्हें वह क्लाइंट कम्प्यूटरों को नियंत्रण और शेयर करने के लिए उपलब्ध कराता है। जैसे प्रिंटर और फाइल सिस्टम। यह शेयरिंग एक्सेस कंट्रोल और सिक्योरिटी के लिहाज से काफी अच्छी होती है और हार्डवेयर के डुप्लीकेशन से बचाकर खर्च भी काफी कम कर देती है।



क्लांइट – क्लांइट एक कम्प्यूटर सिस्टम है जो किसी तरह के नेटवर्क के जरिए अन्य कम्प्यूटरों पर सर्विस एक्सेस करता है। क्लाइंट सर्वर आर्किटेक्चर मे, क्लाइंट प्रोसेस एक प्रोसेस एक प्रोग्राम है, जो सर्वर प्रोसेस प्रोग्राम को एक रिक्वेस्ट भेजता है। क्लाइंट प्रोग्राम सामान्यतः Application के User Interface हिस्से को व्यवस्थित करता है, यूजर केे द्वारा प्रिविस्ट किये गये डाटा को Valid घोषित करता है तथा सर्वर प्रोग्राम केा आग्रह भेजता है तथा कभी कभी व्यापार लाॅजिक को क्रियान्वित करता है। क्लाइंट प्रोसेस एप्लीकेशन फ्रन्ट.एंड होता है जिसे प्रयोक्ता देखता है तथा उसके साथ संवाद करता है। क्लाइंट वर्कस्टेशन का एक मुख्य तत्व इसका ग्राफिकल यूजर इन्टरफेस है।



पियर टु पियर नेटवर्क Peer to Peer Network (P2P)

Peer to Peer Network (P2P) छोटे माहौल में सबसे अच्छा काम करता है। नेटवर्क के  सभी कंप्यूटरों को व्यक्तिगत प्रशासन और मेंटेनेंस की जरूरत होती है। यदि आपकी दस  से ज्यादा कंप्यूटर आपस में जोड़ने  हों तो पियर टु प्रिया नेटवर्क का प्रयोग  न करें।

पियर टु  पियर नेटवर्क में हर कंप्यूटर में दो लेन की जरुरत होती है इसमें सभी कंप्यूटर सीरीज में जुड़े होते है। यदि बीच का कंप्यूटर बंद है या ख़राब है तो उससे जुड़े कंप्यूटर का पहले वाले कंप्यूटर से Connection  बंद हो जाता है यह नेटवर्क सिर्फ दो कंप्यूटर को आपस में जोड़ने के लिए ठीक होता है। 


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